जांजगीर-चांपा में नाबालिग वाहन चालकों पर पुलिस का बड़ा एक्शन, एक दिन में 15 पकड़े गए
प्रत्येक पर 2-2 हजार रुपये का चालान, अभिभावकों को थाने बुलाकर दी गई सख्त चेतावनी

जांजगीर-चांपा। सड़क सुरक्षा को लेकर जांजगीर-चांपा पुलिस ने नाबालिग वाहन चालकों के खिलाफ विशेष अभियान चलाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। संयुक्त जांच अभियान के दौरान एक ही दिन में 15 नाबालिग वाहन चालक दोपहिया वाहन चलाते हुए पकड़े गए। सभी के विरुद्ध मोटरयान अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए प्रत्येक पर 2-2 हजार रुपये का समन शुल्क लगाया गया। साथ ही उनके अभिभावकों को थाना एवं यातायात कार्यालय बुलाकर भविष्य में नाबालिग बच्चों को वाहन नहीं देने की सख्त समझाइश दी गई।

पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय (आईपीएस) के निर्देशन में सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और यातायात नियमों का प्रभावी पालन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिलेभर में लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) उदयन बेहार के नेतृत्व में सीएसपी जांजगीर योगिताबाली खापर्डे, थाना जांजगीर पुलिस, थाना चांपा एवं यातायात पुलिस की संयुक्त टीम ने स्कूलों के आसपास और प्रमुख चौक-चौराहों पर सघन वाहन जांच अभियान चलाया।
जांच के दौरान विभिन्न स्कूलों के आसपास 15 नाबालिग छात्र वाहन चलाते हुए पाए गए। पुलिस ने सभी के विरुद्ध नियमानुसार चालानी कार्रवाई की और प्रत्येक मामले में दो-दो हजार रुपये का समन शुल्क वसूला। इसके बाद संबंधित अभिभावकों को बुलाकर स्पष्ट रूप से बताया गया कि नाबालिग बच्चों को वाहन चलाने देना कानून का उल्लंघन होने के साथ-साथ उनके जीवन और अन्य लोगों की सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा है।
इस अभियान के दौरान जांजगीर-चांपा पुलिस की इस पहल को चांपा के मनका पब्लिक स्कूल का भी सहयोग मिला। विद्यालय प्रबंधन ने विद्यार्थियों के अभिभावकों को नोटिस जारी कर अपील की है कि वे अपने नाबालिग बच्चों को मोटरसाइकिल या स्कूटी से स्कूल न भेजें। पुलिस ने विद्यालय की इस पहल को अनुकरणीय बताते हुए अन्य शिक्षण संस्थानों से भी इसी प्रकार जागरूकता अभियान चलाने की अपील की है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) उदयन बेहार ने कहा कि नाबालिगों द्वारा वाहन चलाना सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण बनता जा रहा है। इसे रोकने के लिए पुलिस का विशेष अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता दें और किसी भी परिस्थिति में नाबालिगों को वाहन चलाने की अनुमति न दें, अन्यथा भविष्य में और भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।




