Welcome to नवीन कदम डिजिटल   Click to listen highlighted text! Welcome to नवीन कदम डिजिटल
छत्तीसगढ़जांजगीर-चांपाटॉप न्यूज़लोकल न्यूज़
Trending

चांपा स्थित प्रकाश इंडस्ट्रीज लिमिटेड में फिर औद्योगिक हादसा: 15 टन ऑयल रिग में तीन श्रमिक गंभीर रूप से घायल, भिलाई रेफर

डेढ़ वर्ष के दौरान कंपनी में कई गंभीर औद्योगिक दुर्घटनाएं, सुरक्षा मानकों को लेकर लगातार उठते रहे हैं सवाल

जांजगीर-चांपा। चांपा स्थित प्रकाश इंडस्ट्रीज लिमिटेड में बुधवार देर रात एक बार फिर औद्योगिक हादसा हो गया। 22 जुलाई की रात करीब 11:30 बजे 15 टन ऑयल रिग के नंबर-1 चैनल में हुई दुर्घटना में तीन ठेका श्रमिक गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा ऐसे समय हुआ है, जब पिछले डेढ़ वर्ष के दौरान कंपनी में कई गंभीर औद्योगिक दुर्घटनाएं हो चुकी हैं और सुरक्षा मानकों को लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं।

कंपनी प्रबंधन के अनुसार, हादसे में गेंदराम पटेल, गंगाप्रसाद पटेल और पंचराम यादव घायल हुए हैं। तीनों मैसर्स अनमोल यादव एंड कंपनी के माध्यम से ठेका श्रमिक के रूप में कार्यरत थे। घटना के तुरंत बाद उन्हें कंपनी के व्यावसायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार दिया गया और बाद में बेहतर इलाज के लिए जवाहर लाल नेहरू अस्पताल एंड रिसर्च सेंटर, भिलाई रेफर किया गया। प्रबंधन ने संबंधित अधिकारियों को सूचना देकर दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू होने की बात कही है।

हाल के वर्षों में लगातार हादसे

प्रकाश इंडस्ट्रीज में यह पहला बड़ा हादसा नहीं है। अप्रैल 2025 में कंपनी के 15 टन क्षमता वाले फर्नेस में हुए विस्फोट में 13 अधिकारी और श्रमिक झुलस गए थे, जिनमें कई गंभीर रूप से घायल हुए थे। उस घटना की जांच के लिए फॉरेंसिक टीम और औद्योगिक सुरक्षा विभाग को लगाया गया था तथा सुरक्षा प्रोटोकॉल को लेकर व्यापक सवाल उठे थे।

इसके बाद जून 2026 में भी प्लांट के भीतर ऊंचाई से गिरने के कारण एक ठेका श्रमिक गोरेलाल कवर (40) की मौत हो गई थी। उस घटना के बाद भी कार्यस्थल पर सुरक्षा उपकरणों और निगरानी व्यवस्था को लेकर सवाल सामने आए थे।

औद्योगिक सुरक्षा पर फिर बहस

लगातार सामने आ रही घटनाओं के बीच श्रमिक संगठनों का कहना है कि भारी उद्योगों में कार्यरत कर्मचारियों, विशेषकर ठेका श्रमिकों, के लिए सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन होना चाहिए। औद्योगिक सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार ऐसे संयंत्रों में नियमित सेफ्टी ऑडिट, उपकरणों का समय-समय पर निरीक्षण, जोखिम मूल्यांकन, सुरक्षा प्रशिक्षण और आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली अत्यंत आवश्यक होती है। औद्योगिक दुर्घटनाओं की जांच में अक्सर तकनीकी खराबी, रखरखाव में कमी अथवा सुरक्षा प्रक्रियाओं के पालन जैसे पहलुओं की भी जांच की जाती है।

प्रशासनिक जांच पर निगाह

इस ताजा हादसे के बाद अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि जांच में दुर्घटना का वास्तविक कारण क्या सामने आता है और क्या संबंधित विभाग सुरक्षा मानकों के पालन की स्वतंत्र जांच कराएंगे। यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो नियमानुसार जिम्मेदारी तय किए जाने की संभावना भी रहेगी। फिलहाल तीनों घायल श्रमिकों का इलाज जारी है और उनकी स्थिति पर चिकित्सकीय निगरानी रखी जा रही है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!
Click to listen highlighted text!