लोक शिक्षण संचालनालय का बड़ा आदेश, वर्षों से संलग्न अधिकारी-कर्मचारियों की होगी मूल पदस्थापना पर वापसी
डीपीआई ने सभी डीईओ और बीईओ कार्यालयों से मांगी संलग्न कर्मचारियों की जानकारी, जांजगीर-चांपा जिले में भी हलचल तेज
जांजगीर-चांपा। लोक शिक्षण संचालनालय, छत्तीसगढ़ द्वारा जारी नए निर्देश के बाद शिक्षा विभाग में लंबे समय से संलग्न अधिकारी-कर्मचारियों और शिक्षकों के बीच हलचल तेज हो गई है। दरअसल, संचालनालय ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों एवं संभागीय संयुक्त संचालकों को निर्देशित किया है कि उनके कार्यालयों में वर्षों से संलग्न कर्मचारियों और शिक्षकों को तत्काल उनकी मूल पदस्थापना संस्था में कार्यमुक्त किया जाए तथा इसकी विस्तृत जानकारी संचालनालय को उपलब्ध कराई जाए।
बताया जा रहा है कि जांजगीर-चांपा जिले के जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय सहित विभिन्न विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालयों में कई अधिकारी और कर्मचारी लंबे समय से संलग्न होकर कार्य कर रहे हैं। ऐसे में नए आदेश के बाद इन सभी की सूची तैयार कर शासन को भेजी जाएगी और नियमों के अनुरूप कार्रवाई की जाएगी।
संचालनालय ने स्पष्ट किया है कि कार्यमुक्त किए गए कर्मचारी, उनके स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने वाले कर्मचारी तथा जारी आदेश की जानकारी निर्धारित प्रारूप में तत्काल भेजना सुनिश्चित किया जाए।
इस आदेश के बाद जिले के शिक्षा विभाग में प्रशासनिक फेरबदल की संभावना बढ़ गई है। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय और विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालयों में वर्षों से संलग्न कर्मचारियों पर आदेश का पालन कब और किस स्तर तक किया जाता है। यदि निर्देशों का सख्ती से पालन हुआ, तो लंबे समय से एक ही कार्यालय में संलग्न अधिकारी-कर्मचारियों की मूल पदस्थापना पर वापसी तय मानी जा रही है।





