Janjgir-Champa में वर्दी से पहले इंसानियत: सड़क पर तड़प रहे घायलों को CSP योगिताबाली खापर्डे ने अपनी सरकारी गाड़ी से पहुंचाया अस्पताल
वाहन चेकिंग छोड़कर मौके पर पहुंचीं अधिकारी, गोल्डन ऑवर में दिखाई तत्परता, समय पर इलाज मिलने से बढ़ी उम्मीद

राजेंद्र राठौर@जांजगीर-चांपा। पुलिस की पहचान अक्सर कानून-व्यवस्था बनाए रखने वाली संस्था के रूप में होती है, लेकिन शनिवार शाम जांजगीर में पुलिस का एक ऐसा मानवीय चेहरा सामने आया, जिसने लोगों का दिल जीत लिया।

शनिवार शाम करीब 6 बजे थाना जांजगीर क्षेत्र के ग्राम उदयबंद स्थित नव दुर्गा राइस मिल के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर एक भीषण सड़क हादसा हो गया। हादसे में तीन लोग गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर तड़प रहे थे। उसी समय पुलिस कंट्रोल रूम से सूचना मिलने पर सीएसपी जांजगीर योगिताबाली खापर्डे, जो सारागांव पुलिस टीम के साथ वाहन चेकिंग में व्यस्त थीं, बिना एक पल गंवाए घटनास्थल के लिए रवाना हो गईं।
मौके पर पहुंचने पर उन्होंने देखा कि घायलों की हालत बेहद नाजुक है। ऐसे में औपचारिकताओं का इंतजार करने के बजाय उन्होंने मानवता को प्राथमिकता दी। सीएसपी खापर्डे ने स्वयं घायलों को शासकीय वाहन में बैठाया और जिला अस्पताल जांजगीर पहुंचाकर समय पर उपचार सुनिश्चित कराया।

चिकित्सकों के अनुसार सड़क दुर्घटनाओं में शुरुआती “गोल्डन ऑवर” बेहद महत्वपूर्ण होता है। ऐसे समय में पुलिस की त्वरित संवेदनशीलता कई बार जिंदगी और मौत के बीच का अंतर साबित होती है। सीएसपी की इस पहल ने न केवल घायलों को समय पर उपचार दिलाया, बल्कि यह संदेश भी दिया कि पुलिस केवल कानून लागू करने वाली संस्था नहीं, बल्कि जरूरत पड़ने पर लोगों की जिंदगी बचाने के लिए भी सबसे पहले खड़ी होती है।
घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने भी पुलिस की इस तत्परता और संवेदनशीलता की सराहना की। वर्दी में दिखाई गई यह इंसानियत लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी रही।




