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ब्रिलियंट पब्लिक स्कूल बनारी के नन्हे हाथों ने थामी हरियाली की जिम्मेदारी, 200 बच्चों ने लगाया भविष्य का बीज

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने कटहल, अमरूद, बादाम, नींबू, नीम और गुलमोहर सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए। "एक पेड़–एक जीवन" और "हरित धरती, स्वस्थ भविष्य" जैसे नारों के साथ पूरे विद्यालय परिसर में पर्यावरण संरक्षण का संदेश गूंजता रहा।

जांजगीर। आज के दौर में जहां पर्यावरण संरक्षण सबसे बड़ी चुनौती बनता जा रहा है, वहीं ब्रिलियंट पब्लिक स्कूल, बनारी के नन्हे विद्यार्थियों ने हरियाली बचाने का संदेश देते हुए एक प्रेरक पहल की। शनिवार को आयोजित वृक्षारोपण कार्यक्रम में कक्षा 1 से 5 तक के लगभग 200 छात्र-छात्राओं ने अपने छोटे-छोटे हाथों से फलदार और छायादार पौधे रोपे और उन्हें सहेजने का संकल्प लिया।

संस्था संचालक आलोक अग्रवाल, डॉ. गिरिराज गढ़ेवाल तथा प्राचार्या सोनाली सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि बच्चों के मन में प्रकृति के प्रति प्रेम और जिम्मेदारी का भाव विकसित करना रहा।

विद्यालय के इको क्लब से जुड़े शिक्षक-शिक्षिकाओं ने बच्चों को बताया कि “आज लगाया गया एक पौधा आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित जीवन की नींव है।” उन्होंने जलवायु संतुलन, स्वच्छ पर्यावरण और वृक्षों की उपयोगिता को सरल भाषा में समझाया, जिसे बच्चों ने उत्साहपूर्वक आत्मसात किया।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने कटहल, अमरूद, बादाम, नींबू, नीम और गुलमोहर सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए। “एक पेड़–एक जीवन” और “हरित धरती, स्वस्थ भविष्य” जैसे नारों के साथ पूरे विद्यालय परिसर में पर्यावरण संरक्षण का संदेश गूंजता रहा।

विद्यालय की विशेष पहल के तहत प्रत्येक विद्यार्थी अपने जन्मदिन पर एक पौधा लगाता है और उसकी देखभाल की जिम्मेदारी भी स्वयं निभाता है। इको क्लब के माध्यम से शिक्षक और विद्यार्थी पूरे वर्ष पर्यावरण संरक्षण से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम संचालित करते हैं।

यह आयोजन केवल वृक्षारोपण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि बच्चों के मन में प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता, जिम्मेदारी और हरियाली के महत्व का ऐसा बीज बो गया, जो आने वाले वर्षों में समाज के लिए एक सकारात्मक बदलाव का आधार बन सकता है।

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