आंगनबाड़ी में नौकरी और पीएम आवास दिलाने के नाम पर ठगी का आरोप, कार्रवाई नहीं होने से पीड़िता दर-दर भटकने मजबूर
तीन बार पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची महिला, हर बार थाने भेजा गया... लेकिन एफआईआर तक दर्ज नहीं होने का आरोप

एनकेडी@जांजगीर-चांपा। जिले में एक महिला ने खुद को ठगी का शिकार बताते हुए पुलिस कार्रवाई नहीं होने पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पीड़ित महिला का आरोप है कि आंगनबाड़ी में नौकरी दिलाने और पीएम आवास योजना का लाभ दिलाने का झांसा देकर उससे हजारों रुपए ले लिए गए, लेकिन न नौकरी मिली और न ही मकान योजना का लाभ। अब महिला कई महीनों से पुलिस कार्यालय और थाने का चक्कर काट रही है, मगर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। मामला जांजगीर थाना क्षेत्र का है।
ग्राम पंचायत खोखरा निवासी लक्ष्मी बाई देवांगन ने पुलिस अधीक्षक को दिए आवेदन में आरोप लगाया है कि चांपा निवासी सुनील कुमार सोनी ने मोबाइल फोन के माध्यम से संपर्क कर पहले आंगनबाड़ी में नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाया। इसके बाद प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मकान निर्माण कराने का प्रलोभन दिया गया। आवेदन के मुताबिक, आरोपी ने अलग-अलग किस्तों में करीब 35 से 40 हजार रुपए लिए।
पीड़िता का कहना है कि आरोपी लगातार आश्वासन देता रहा, लेकिन बाद में न तो नौकरी दिलाई गई और न ही पीएम आवास योजना का कोई लाभ मिला। जब रकम वापस मांगने की बात कही गई तो आरोपी टालमटोल करने लगा। पीड़िता ने अपने आवेदन में यह भी उल्लेख किया है कि उसके पास मोबाइल कॉल रिकॉर्डिंग सहित अन्य साक्ष्य मौजूद हैं, जो पूरे मामले को साबित कर सकते हैं।
महिला का कहना है कि परिवार की मेहनत की कमाई ठगी का शिकार हो गई, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ गई है और परिवार कर्ज में डूब गया है। सबसे गंभीर बात यह है कि पीड़िता के अनुसार वह तीन बार पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंच चुकी है। वहां से हर बार उसे थाना जांजगीर भेज दिया जाता है, लेकिन थाना स्तर पर अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।
महिला का आरोप है कि वह लगातार थाने का चक्कर काट रही है, फिर भी न एफआईआर दर्ज की जा रही है और न ही आरोपी पर कोई कानूनी कार्रवाई हो रही है। पीड़िता ने पुलिस प्रशासन से आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करते हुए उसकी रकम वापस दिलाने की मांग की है। अब देखने वाली बात होगी कि पुलिस इस शिकायत को कितनी गंभीरता से लेकर आगे कार्रवाई करती है।






